हीरानगर में कथित अतिक्रमण पर उठे सवाल, जहां पहले थी दीवार वहां अब कैसे खड़ी हो गईं दुकानें?

I7 NEWS
हल्द्वानी। हीरानगर क्षेत्र में कथित अतिक्रमण को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का दावा है कि जिस स्थान पर कुछ समय पहले तक स्पष्ट रूप से दीवार दिखाई देती थी, वहीं अब अचानक दुकानें बनकर खड़ी हो गई हैं।
बताया जा रहा है कि यह भूमि सिंचाई विभाग की हो सकती है। यदि ऐसा है, तो सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर सरकारी भूमि पर निर्माण कैसे हो रहा है? क्या संबंधित विभागों से अनुमति ली गई है या फिर नियमों को दरकिनार कर निर्माण कराया जा रहा है?
गौरतलब है कि कुछ समय पहले विकास प्राधिकरण ने एक जनप्रतिनिधि से जुड़ी चार दुकानों को सील किया था। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि यदि कार्रवाई हो सकती है, तो इसी स्थान पर हो रहे अन्य निर्माणों पर अब तक कार्रवाई क्यों नहीं हुई?


पुरानी तस्वीरों और वर्तमान स्थिति की तुलना करने पर कई सवाल सामने आते हैं। पहले जहां दीवार नजर आती थी, आज वहीं दुकानें दिखाई दे रही हैं। आखिर यह बदलाव कब और किसकी अनुमति से हुआ?
स्थानीय नागरिक मांग कर रहे हैं कि सिंचाई विभाग, नगर निगम और विकास प्राधिकरण संयुक्त रूप से पूरे मामले की जांच करें और यदि सरकारी भूमि पर अतिक्रमण पाया जाता है तो नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाए।
I7 NEWS इस मामले में संबंधित विभागों का पक्ष जानने का भी प्रयास करेगा ताकि तथ्य सामने आ सकें।
