नौकुचियाताल को लेकर सोशल मीडिया वीडियो पर विवाद, कार्रवाई की मांग तेज

देहरादून/नैनीताल। उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल नौकुचियाताल को लेकर सोशल मीडिया पर की गई एक कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के बाद प्रदेश में विवाद खड़ा हो गया है। इंस्टाग्राम पर वायरल हो रहे एक वीडियो में कुछ सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स द्वारा नौकुचियाताल के नाम का मजाक उड़ाने का आरोप लगाया गया है, जिसके बाद लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है।
मामले को गंभीर मानते हुए भाजपा के जिला मंत्री और व्यापारी नेता प्रकाश भट्ट ने पुलिस को लिखित शिकायत देकर संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा है कि वायरल वीडियो को तुरंत सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटाया जाए और वीडियो में शामिल लोगों से उत्तराखंड की जनता से सार्वजनिक रूप से माफी मंगवाई जाए।
क्या है पूरा मामला?
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में कंटेंट क्रिएटर अजीतभ सिंह और उनके साथी कौशिक सचदेव बातचीत के दौरान उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल नौकुचियाताल के नाम को लेकर कथित रूप से आपत्तिजनक टिप्पणी करते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में मौजूद अन्य लोग भी इस टिप्पणी पर हंसते हुए नजर आते हैं।
वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद उत्तराखंड के लोगों में नाराजगी फैल गई। लोगों का कहना है कि देवभूमि उत्तराखंड के पर्यटन स्थलों और सांस्कृतिक पहचान का इस तरह मजाक उड़ाना उचित नहीं है।
कौन हैं अजीतभ सिंह?
अजीतभ सिंह सोशल मीडिया की दुनिया में एक जाने-माने कंटेंट क्रिएटर और डिजिटल इन्फ्लुएंसर हैं। वह कॉमेडी और मनोरंजन से जुड़े वीडियो बनाने के लिए जाने जाते हैं और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उनकी बड़ी संख्या में फॉलोइंग है।
उन्होंने अपने साथी कौशिक सचदेव के साथ मिलकर कई लोकप्रिय कॉमेडी वीडियो और वर्डप्ले आधारित कंटेंट तैयार किए हैं। उनका कंटेंट युवाओं के बीच काफी पसंद किया जाता है।
शिकायत में क्या कहा गया?
शिकायतकर्ता प्रकाश भट्ट का कहना है कि सोशल मीडिया जैसे बड़े मंच पर इस प्रकार की आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करना सामाजिक माहौल को प्रभावित कर सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि वायरल वीडियो के माध्यम से नौकुचियाताल समेत उत्तराखंड की संस्कृति, सम्मान और पहचान को ठेस पहुंची है।
उनका कहना है कि इस घटना से स्थानीय लोगों, व्यापारियों और पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों में काफी आक्रोश है। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि वायरल वीडियो और संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट की जांच कर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
पुलिस ने शुरू की जांच
पुलिस ने शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान वीडियो और उससे जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि उत्तराखंड के धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व वाले स्थानों का सम्मान किया जाना चाहिए और भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।
