हल्द्वानी में मेडिकल स्टोर पर STF और औषधि प्रशासन की छापेमारी, नशीले इंजेक्शन व प्रतिबंधित दवाइयां बरामद
हल्द्वानी। नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ उत्तराखंड STF और औषधि प्रशासन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। STF की ANTF कुमाऊं यूनिट और औषधि प्रशासन विभाग की संयुक्त टीम ने मुखानी रोड स्थित जय श्री श्याम मेडिकल स्टोर पर छापेमारी की।


व्यावसायिक मात्रा में नशीले इंजेक्शन बरामद
छापेमारी के दौरान संयुक्त टीम को मेडिकल स्टोर से व्यवसायिक मात्रा में नशीले इंजेक्शन और नशे में इस्तेमाल होने वाली प्रतिबंधित दवाइयां बरामद हुईं। बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित दवाइयां मिलने के बाद मौके पर हड़कंप मच गया।
दस्तावेजों और दवाइयों की भी हुई जांच
कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, STF उत्तराखंड के निर्देशन में की गई। टीम ने मेडिकल स्टोर के लाइसेंस, दस्तावेजों और वहां मौजूद दवाइयों की जांच की। जांच के दौरान संदिग्ध एवं प्रतिबंधित दवाइयां मिलने पर औषधि प्रशासन विभाग ने अग्रिम कार्रवाई तक मेडिकल स्टोर को सील कर दिया।
मेडिकल स्टोर संचालक और स्वामी के पति मौके पर मिले
छापेमारी के दौरान मेडिकल स्टोर संचालक कपिल सिंह पुत्र रमेश सिंह, निवासी जवाहरनगर, नगला, पंतनगर तथा मेडिकल स्टोर स्वामी के पति हिमांशु वाणेय पुत्र उपकार वाणेय, निवासी सावित्री कॉलोनी, हल्द्वानी मौके पर मौजूद मिले।
पहले भी कार्रवाई का दावा, पुराने मामलों का उठा मुद्दा
स्थानीय स्तर पर सामने आए पुराने मामलों के अनुसार, पूर्व में SHO नीरज भाकुनी के कार्यकाल के दौरान भी संबंधित मेडिकल कारोबार पर कार्रवाई हुई थी। उस कार्रवाई में हिमांशु वाणेय के भाई के जेल जाने की बात सामने आई थी। हालांकि, इन पुराने मामलों से जुड़े सभी तथ्यों की स्वतंत्र पुष्टि और वर्तमान कार्रवाई से उनका कानूनी संबंध जांच का विषय है।
नाम बदलकर दोबारा मेडिकल स्टोर खुलने के आरोप
स्थानीय सूत्रों और सामने आई जानकारी में यह भी आरोप लगाया गया है कि संबंधित व्यक्ति का नाम पूर्व में कई मामलों में सामने आने के बावजूद मेडिकल स्टोर का नाम बदलकर दोबारा कारोबार शुरू किया जाता रहा। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है और पूरे मामले में जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
कुमाऊं आईजी की टीम भी कर चुकी है छापेमारी
बताया जा रहा है कि कुछ समय पूर्व कुमाऊं आईजी की टीम ने भी संबंधित मेडिकल कारोबार से जुड़े परिसर में छापेमारी की थी। उस दौरान बड़ी संख्या में नशीले इंजेक्शन और प्रतिबंधित दवाइयां बरामद होने की बात सामने आई थी। उस कार्रवाई में हिमांशु वाणेय की गिरफ्तारी नहीं हो पाने का भी दावा किया गया है। इन पुराने घटनाक्रमों की आधिकारिक पुष्टि संबंधित विभागीय रिकॉर्ड से होना बाकी है।
अब बरामद दवाइयों की जांच जारी
फिलहाल संयुक्त टीम द्वारा बरामद दवाइयों और इंजेक्शनों की जांच की जा रही है। औषधि प्रशासन विभाग की ओर से नियमानुसार आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
I7 NEWS | हल्द्वानी
