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जमरानी बांध प्रभावितों को एक माह में पुनर्वास और नौकरी देने की मांग, अन्यथा होगा उग्र आंदोलन: हरीश पनेरु

| June 16, 2026 | 3 months ago | 1 min read

हैड़ाखान (नैनीताल), 16 जून।
हैड़ाखान क्षेत्र के तोक ब्युरा में सोमवार को हरीश पनेरु के नेतृत्व में एक नुक्कड़ जनसभा का आयोजन किया गया। जनसभा में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया और जमरानी बांध परियोजना से प्रभावित डूब क्षेत्र के परिवारों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि जमरानी बांध परियोजना के तहत डूब क्षेत्र में आने वाले परिवारों को सरकार द्वारा भूमि के बदले प्रत्येक परिवार को पुनर्वास हेतु एक एकड़ भूमि उपलब्ध कराने तथा उनके हितों की रक्षा के लिए समुचित पुनर्वास व्यवस्था सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया गया था। बावजूद इसके अब तक इस दिशा में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे प्रभावित परिवारों में निराशा और असंतोष व्याप्त है।

जनसभा को संबोधित करते हुए हरीश पनेरु ने कहा कि डूब क्षेत्र के प्रभावित परिवारों के साथ न्याय होना चाहिए। उन्होंने मांग की कि एक माह के भीतर प्रत्येक प्रभावित परिवार को पुनर्वास के लिए एक एकड़ भूमि उपलब्ध कराई जाए तथा परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जाएं।

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उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि एक माह के भीतर प्रभावित परिवारों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो क्षेत्रीय जनता के सहयोग से व्यापक और उग्र जनआंदोलन शुरू किया जाएगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।

हरीश पनेरु ने कहा कि प्रभावित परिवारों के अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए उनका संघर्ष जारी रहेगा। जब तक प्रभावितों को न्याय नहीं मिलता, तब तक उनकी आवाज बुलंद की जाती रहेगी।

ग्रामीणों ने भी सरकार से जल्द से जल्द पुनर्वास संबंधी वादों को पूरा करने और प्रभावित परिवारों की समस्याओं का समाधान करने की मांग की।

— I7 News Desk

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