Wednesday, August 19, 2026 | Loading...
BREAKING NEWS
अलीगढ़ इगलास महिला हत्याकांड का खुलासा, प्रेमी पर हत्या का आरोपहल्द्वानी में विकास कार्यों को लेकर महापौर गजराज बिष्ट का निरीक्षण, मीट बाजार और गौशाला की व्यवस्थाओं पर दिए निर्देशसलेड़ी-खेरोला से खड़की-नौकुचियाताल बाईपास मोटर मार्ग का निर्माण शुरू, मंत्री कैड़ा ने किया शुभारम्भदमुवाढूंगा में निर्माण पर रोक के बावजूद कथित निर्माण, प्राधिकरण की मॉनिटरिंग पर उठे सवालहल्द्वानी रामलीला मैदान के ‘शुद्धिकरण’ का मामला नहीं थम रहा, धार्मिक व जातिगत भावनाएं भड़काने का आरोपअलीगढ़ इगलास महिला हत्याकांड का खुलासा, प्रेमी पर हत्या का आरोपहल्द्वानी में विकास कार्यों को लेकर महापौर गजराज बिष्ट का निरीक्षण, मीट बाजार और गौशाला की व्यवस्थाओं पर दिए निर्देशसलेड़ी-खेरोला से खड़की-नौकुचियाताल बाईपास मोटर मार्ग का निर्माण शुरू, मंत्री कैड़ा ने किया शुभारम्भदमुवाढूंगा में निर्माण पर रोक के बावजूद कथित निर्माण, प्राधिकरण की मॉनिटरिंग पर उठे सवालहल्द्वानी रामलीला मैदान के ‘शुद्धिकरण’ का मामला नहीं थम रहा, धार्मिक व जातिगत भावनाएं भड़काने का आरोप

पेट्रोल-डीज़ल मूल्य वृद्धि के खिलाफ भाकपा माले का प्रदर्शन, सरकार पर जनता पर महंगाई थोपने का आरोप

| May 16, 2026 | 3 months ago | 1 min read

हल्द्वानी, 16 मई |

पेट्रोल और डीज़ल की कीमतों में हुई ताज़ा बढ़ोतरी के विरोध में शुक्रवार को हल्द्वानी में भाकपा माले कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन करते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने बढ़ती महंगाई को आम जनता पर सीधा हमला बताते हुए मूल्य वृद्धि तुरंत वापस लेने की मांग की।

 /></p><div class='code-block code-block-5' style='margin: 8px 0; clear: both;'>
<p><img class=

भाकपा माले नैनीताल के जिला सचिव डॉ. कैलाश पाण्डेय ने जारी प्रेस बयान में कहा कि केंद्र की मोदी सरकार पेट्रोल-डीज़ल के दाम बढ़ाकर मेहनतकश जनता, किसानों, मजदूरों, छात्रों, छोटे व्यापारियों और मध्यम वर्ग पर आर्थिक बोझ डाल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार तेल कंपनियों और बड़े कॉरपोरेट घरानों के हितों को बचाने के लिए आम जनता की जेब पर डाका डाल रही है।

 /></div>




<figure class=

उन्होंने कहा कि सरकार अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और पश्चिम एशिया के तनाव का हवाला दे रही है, जबकि वर्षों से पेट्रोलियम उत्पादों पर भारी टैक्स लगाकर जनता से वसूली की जाती रही है। डॉ. पाण्डेय ने कहा कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल सस्ता हुआ तब जनता को राहत नहीं दी गई, लेकिन संकट के समय पूरा बोझ आम लोगों पर डाल दिया गया।

भाकपा माले नेताओं ने कहा कि पेट्रोल-डीज़ल की कीमतों में वृद्धि का असर केवल वाहन चालकों तक सीमित नहीं रहता, बल्कि खेती की लागत, माल ढुलाई, बस किराया और रोजमर्रा की आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ता है। इसका सबसे अधिक असर गरीब और मेहनतकश तबकों पर पड़ रहा है।

प्रदर्शन के दौरान भाकपा माले ने मांग की कि पेट्रोल और डीज़ल की बढ़ी हुई कीमतें तुरंत वापस ली जाएं, पेट्रोलियम उत्पादों पर लगाए गए भारी केंद्रीय करों में कटौती की जाए तथा किसानों और सार्वजनिक परिवहन को विशेष राहत दी जाए। साथ ही तेल कंपनियों के मुनाफे और निजीकरण की नीति पर रोक लगाने की भी मांग उठाई गई।

भाकपा माले ने सरकार से महंगाई पर नियंत्रण के लिए आवश्यक वस्तुओं की कीमतों को नियंत्रित करने की मांग करते हुए कहा कि जनता लगातार बढ़ती महंगाई से परेशान है और सरकार को राहत देने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।

Link copied to clipboard!