देहरादून: भूमि धोखाधड़ी पर सख्ती, 51 मामलों का निस्तारण—प्रशासन की बड़ी कार्रवाई से बढ़ा भरोसा

देहरादून। उत्तराखंड में भूमि धोखाधड़ी के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए प्रभावी कार्रवाई शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत गढ़वाल मंडल में लैंड फ्रॉड के मामलों पर तेजी से काम करते हुए 51 मामलों का सफल निस्तारण किया गया है, जिससे आम जनता को बड़ी राहत मिली है।

आयुक्त की अध्यक्षता में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में भूमि से जुड़े लंबित और नए मामलों की विस्तार से समीक्षा की गई। सर्वे चौक स्थित कैंप कार्यालय में हुई इस बैठक में प्रशासन की सक्रियता और पारदर्शिता साफ नजर आई।
बैठक के दौरान कई जटिल मामलों का समाधान निकालते हुए 5 गंभीर मामलों में एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। इससे स्पष्ट संकेत मिला है कि भूमाफियाओं के खिलाफ अब किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
समीक्षा के दौरान सामने आए मामलों में एक ही जमीन को अलग-अलग लोगों को बेचने और फर्जी कब्जा दिलाने जैसी अनियमितताओं पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए गए। अधिकारियों को सख्ती के साथ काम करने और पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाने पर विशेष जोर दिया गया।
प्रशासन की इस सक्रिय पहल से न केवल भूमाफियाओं में हड़कंप मचा है, बल्कि आम नागरिकों में भी भरोसा बढ़ा है कि उनकी जमीन और अधिकार अब सुरक्षित हैं। उत्तराखंड सरकार का यह कदम पारदर्शी और जवाबदेह शासन की दिशा में एक मजबूत उदाहरण बनकर उभरा है।
