एमआईईटी कुमाऊँ, हल्द्वानी में एआई एवं इनोवेशन पर दो दिवसीय सिम्पोजियम का शुभारंभ
हल्द्वानी। एमआईईटी कुमाऊँ, हल्द्वानी में भारतीय शिक्षण मंडल के सहयोग से “आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवं इनोवेशन” विषय पर दो दिवसीय सिम्पोजियम का शुभारंभ 6 फरवरी को किया गया। कार्यक्रम में उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय, हल्द्वानी के कुलपति प्रोफेसर एन.सी. लोहानी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रो. लोहानी, प्रबंध निदेशक डॉ. बी.एस. बिष्ट, निदेशक डॉ. तरुण सक्सेना एवं सीईओ डॉ. कमल रावत द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर किया गया।


अपने संबोधन में प्रो. एन.सी. लोहानी ने शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि नई तकनीक और नवाचार वर्तमान अर्थव्यवस्था के प्रमुख प्रेरक तत्व बन चुके हैं।
उन्होंने विद्यार्थियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और उभरती तकनीकों के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
दो दिवसीय सिम्पोजियम के दौरान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस विषय पर एक्सपर्ट टॉक, रिसर्च पेपर प्रेजेंटेशन, शिक्षकों के लिए विशेष एआई कार्यशाला तथा इनोवेशन चैलेंज का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम में विभिन्न संस्थानों एवं विश्वविद्यालयों के छात्र-छात्राएं उत्साहपूर्वक प्रतिभाग कर रहे हैं।
सिम्पोजियम के प्रथम दिवस पर प्रो. आशुतोष शर्मा (उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय), डॉ. अभिनव शर्मा एवं डॉ. विभु जेटली (यूपीईएस, देहरादून) ने अपने व्याख्यानों के माध्यम से विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विभिन्न आयामों पर विस्तृत जानकारी साझा की।
इस अवसर पर डॉ. अभिनव शर्मा को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवं मशीन लर्निंग के क्षेत्र में उत्कृष्ट शोध कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। उल्लेखनीय है कि डॉ. शर्मा पिछले दो वर्षों से विश्व के शीर्ष 2 प्रतिशत वैज्ञानिकों की सूची में शामिल रहे हैं।
कार्यक्रम में संस्थान के विभिन्न विभागों के संकाय सदस्य एवं प्रतिनिधि, जिनमें श्रीमती हेमा नेगी, श्री अनिल, श्रीमती सोनम भंडारी, श्री चरनजीत सिंह सिधु, श्री आशुतोष पाण्डे, श्री विनोद बुढलाकोटी, श्री कृष्णा बेलवाल सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे। सिम्पोजियम का प्रथम दिवस ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायक एवं तकनीकी नवाचार से परिपूर्ण रहा।
