खरगोन में ऑल इंडिया मुशायरे में बवाल, शायरी पर विवाद के बाद मंच पर हंगामा
—’मस्जिद के सदर ने तो यूं सिक्का जमा लिया,माल-ए-हराम पाकर बड़ा घर बना लिया…दिन-रात अपनी क्यों न करे वो शिकायतें,मुखबिर को हमने कौम का रहबर बना लिया।
मध्य प्रदेश के खरगोन शहर में आयोजित ऑल इंडिया मुशायरा उस समय विवादों में घिर गया, जब एक शायर की प्रस्तुति के दौरान कुछ लोगों ने आपत्ति जताई और मामला हंगामे तक पहुंच गया। घटना जमजम मार्केट क्षेत्र में आयोजित कार्यक्रम की है, जहां देशभर से शायरों को आमंत्रित किया गया था।
जानकारी के अनुसार, खरगोन के शायर अबूबकर ज़िया अपनी शायरी पेश कर रहे थे, तभी उनकी एक रचना पर मौजूद कुछ लोगों ने नाराजगी जाहिर की। देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया और कुछ लोग मंच पर चढ़ गए। आरोप है कि इस दौरान धक्का-मुक्की, गाली-गलौज और अभद्रता की घटना हुई।
पीड़ित शायर ने कोतवाली थाने में शिकायत देकर जानलेवा हमला, अभद्रता और सामान छीने जाने के आरोप लगाए हैं।शायर का कहना है कि हंगामे के दौरान उनकी दाढ़ी खींची गई, नकदी, प्रेस कार्ड, सम्मान स्वरूप मिली पेन और घड़ी भी छीन ली गई। स्थिति बिगड़ती देख आयोजकों और मौके पर मौजूद लोगों ने हस्तक्षेप कर उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।
इसी कार्यक्रम के दौरान बिहार से आए एक अन्य शायर अपूर्व गौरव विक्रम शाह पर भी अंडा फेंके जाने की घटना सामने आई, जिससे माहौल और ज्यादा गरमा गया। आयोजकों ने कार्यक्रम को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन बढ़ते विवाद के चलते कार्यक्रम को बीच में ही रोकना पड़ा।खरगोन कोतवाली प्रभारी बी.एल. मंडलोई के अनुसार, दोनों पक्षों की ओर से शिकायत मिली है।
एक पक्ष ने शायरी को भड़काऊ बताते हुए कार्रवाई की मांग की है, जबकि दूसरे पक्ष ने मारपीट और अभद्रता के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने दोनों पक्षों को बुलाया है और जांच के बाद आगे की कार्रवाई की बात कही है।घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शहर में चर्चा तेज हो गई है।
गौरतलब है कि करीब दो वर्ष पहले भी इसी स्थान पर आयोजित मुशायरे में विवाद की स्थिति बनी थी। ताजा घटना ने सार्वजनिक कार्यक्रमों में सुरक्षा व्यवस्था और अभिव्यक्ति की मर्यादा को लेकर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।